अल्मोड़ा आज दिनांक 21 जनवरी 2026 को राज्य सरकार की “जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” पहल के अंतर्गत जनपद अल्मोड़ा में “प्रशासन गाँव की ओर” अभियान लगातार प्रभावी रूप से संचालित किया जा रहा है। इसी क्रम में विकासखंड हवालबाग की न्याय पंचायत हवालबाग तथा विकासखंड द्वाराहाट की न्याय पंचायत छानागोलू में बहुउद्देशीय शिविरों का आयोजन किया गया। इन शिविरों में समाज कल्याण, महिला एवं बाल विकास, स्वास्थ्य, पंचायतीराज, कृषि, उद्यान, विद्युत, पेयजल सहित विभिन्न विभागों द्वारा अपने-अपने स्टाल लगाए गए, जिनके माध्यम से ग्रामीणों को योजनाओं की जानकारी दी गई तथा मौके पर ही आवेदन, पंजीकरण एवं समस्याओं का समाधान किया गया। न्याय पंचायत हवालबाग में आयोजित शिविर से 330 लोग लाभान्वित हुए, जबकि न्याय पंचायत छानागोलू में 1197 लाभार्थियों को विभिन्न सेवाओं एवं योजनाओं का लाभ प्रदान किया गया। इस प्रकार दोनों शिविरों से कुल 1527 ग्रामीणों को प्रत्यक्ष लाभ मिला। शिविरों में प्राप्त अधिकांश शिकायतों का निस्तारण मौके पर ही कर दिया गया। हवालबाग में आयोजित शिविर में उपाध्यक्ष, राज्य स्तरीय जलागम परिषद शंकर कोरंगा ने प्रतिभाग करते हुए आमजन की समस्याओं को गंभीरता से सुना। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा है कि योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुँचे और इसके लिए सभी विभागीय अधिकारी अपनी जिम्मेदारी का पूरी निष्ठा से निर्वहन करें। वहीं छानागोलू न्याय पंचायत में आयोजित शिविर में विधायक द्वाराहाट मदन बिष्ट एवं संयुक्त मजिस्ट्रेट रानीखेत गौरी प्रभात ने प्रतिभाग किया। उन्होंने जनसमस्याओं को सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए। अधिकारियों ने कहा कि इन शिविरों का उद्देश्य जनता को सरकारी कार्यालयों के अनावश्यक चक्कर से मुक्ति दिलाना है तथा शासन-प्रशासन को सीधे जनता से जोड़ना है। राज्य सरकार जनकल्याण को सर्वोपरि रखते हुए इस प्रकार के आयोजनों के माध्यम से सेवा वितरण को और अधिक सरल बना रही है। कोरंगा द्वारा शिविर में लगाए गए विभागीय स्टालों का निरीक्षण भी किया गया तथा पात्र व्यक्तियों को अधिक से अधिक योजनाओं से जोड़ने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि प्राप्त शिकायतों का नियमित अनुश्रवण सुनिश्चित किया जाएगा। शिविरों में उपजिलाधिकारी संजय कुमार, पूर्व विधायक कैलाश शर्मा समेत जनप्रतिनिधियों, विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों की उपस्थिति के साथ बड़ी संख्या में ग्रामीण नागरिक मौजूद रहे।

