गोपेश्वर (चमोली) पर्वतीय शिल्पकार कल्याण महासभा जनपद चमोली द्वारा आज अंबेडकर भवन गोपेश्वर में सामाजिक और ऐतिहासिक दार्शनिक उत्तराखंड को अपनी आलोक से आलोकित करने वाले महान स्वतंत्रता सेनानी जयानन्द भारती का 145वां जन्मदिवस बड़े हर्षोल्लास के साथ अंबेडकर भवन गोपेश्वर में मनाया गया।
सभा की अध्यक्षता शिल्पकार जिला अध्यक्ष गिरीश आर्य मुख्य अतिथि जीडी हिंदवाल विशिष्ट अतिथि वयोवृद प्रताप राम 90वर्ष विशिष्ट अतिथि राम प्रसाद विशिष्ट अतिथि मधु देवी विशिष्ट अतिथि जगदंबा प्रसाद कोहली विशिष्ट अतिथि जसपाल सेठवाल रहे अंबेडकर भवन गोपेश्वर में आगंतुक सभी सदस्यों का गिरीश चंद्र आर्य द्वारा स्वागत किया गया तथा जयनंद भारती के जीवन और कार्यों पर अपनी बात रखी सभा को संबोधित करते हुए वैचारिक महासभा के जिला अध्यक्ष डॉक्टर पुष्कर बैछवाल ने कर्मवीर जयानन्द भारती का जीवन परिचय सबके सामने रखा डॉक्टर बैछवाल ने विस्तार से वर्णन करते हुए उनके कार्यों तथा घोड़ी पालकी डोली पर बैठने की अनुमति अनुसूचित जाति के लोगों को नहीं थी और 3000 सालों से इसी प्रकार की जिल्लत अपमान झेल रहे थे जयानन्द भारती ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में केस लड़ा और जीत हुई अनुसूचित जाति के सभी लोगों ने दयानंद भारती का स्वागत और अभिनंदन किया जयानन्द भारती अपने जीवन पर्यंत समाज में फैली हुई अंधविश्वास के विरुद्ध लड़ाई लड़ी अंग्रेजों के विरुद्ध भी लड़ाई लड़ी और कई बार जेल में गए और अंत में 9 सितंबर 1952 में उनका निधन हो गया शिल्पकार सभा के सभी सदस्यों ने संकल्प लिया की समाज में कार्य करने वाले जनपद चमोली के सभी महापुरुषों की शीघ्र एक पत्रिका में उनके जीवन और उनके संघर्षों को याद किया जाएगा सभा को संबोधित करने वालों में देवेंद्र अग्निहोत्री, अंजू अग्निहोत्री, मधु देवी, दर्शन लाल, जसपाल सेठवाल, शिवलाल आर्य, राम प्रसाद सूरी, जगदंबा प्रसाद कोहली, पुष्कर कोहली, वयोवृद्ध सामाजिक कार्यकर्ता प्रताप लाल सेवा स्तंभ के अध्यक्ष विजेंद्र शर्मा, सोहनलाल सोनी, सुरेंद्र पोखरियाल, बृजमोहन, पूर्व प्रधान भगत कन्याल, बसंत बैनोला, जसपाल सेठवाल अंजू अग्निहोत्री मधु देवी आदि ने अपने विचार रखे शिल्पकारों की विभिन्न मांगों को लेकर महामहिम राष्ट्रपति को ज्ञापन और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री को ज्ञापन शीघ्र ही भेजने का प्रस्ताव पारित किया गया सभा का संचालन दशोली ब्लॉक के अध्यक्ष हीरा रोधियाल द्वारा किया गया।

