नई टिहरी बहुचर्चित केतन लाल हत्याकांड में स्वयं को प्रत्यक्षदर्शी बताने वाले दिवाकर डिमरी के बयान ने मामले को एक बार फिर सुर्खियों में ला दिया है। दिवाकर ने दावा किया है कि वह घटना वाली रात केतन लाल के साथ मौजूद था और उसने पूरी घटना अपनी आंखों से देखी।
दिवाकर डिमरी का दावा है कि उन्हें और केतन लाल को बीच रास्ते में रोककर उनके मोबाइल फोन छीन लिए गए। इसके बाद दोनों को एक कमरे में बंद कर दिया गया, जहां छह लोगों ने मिलकर उनके साथ मारपीट की। उनका कहना है कि दोनों को कुर्सियों पर बैठाकर रस्सियों से बांधा गया। बचने का प्रयास करने पर उनके सिर पर डंडे से वार किया गया, जिससे वह बेहोश हो गए।
दिवाकर के अनुसार, सुबह करीब सात बजे तक उनके साथ लगातार मारपीट होती रही। बाद में उन्हें सबसे पहले वहां से जाने दिया गया। उनका दावा है कि जब वह नीचे की ओर आ रहे थे, तब उन्होंने देखा कि छह लोग केतन लाल को पीछे से पकड़कर रास्ते में लगातार मारते-पीटते हुए नीचे की ओर ले जा रहे थे।
दिवाकर डिमरी इससे पहले भी सार्वजनिक रूप से यह दावा कर चुके हैं कि केतन लाल की बर्बरता से हत्या की गई थी। उनके ताजा बयान के सामने आने के बाद सामाजिक संगठनों और स्थानीय लोगों ने मामले की निष्पक्ष जांच, प्रत्यक्षदर्शी के बयान का सत्यापन तथा उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग दोहराई है।
उधर, पुलिस का कहना है कि केतन हत्याकांड की जांच जारी है। पुलिस के अनुसार, प्रत्यक्षदर्शी के दावों सहित मामले से जुड़े सभी बयानों, डिजिटल एवं भौतिक साक्ष्यों और अन्य तथ्यों का परीक्षण किया जा रहा है। मामले में अंतिम निष्कर्ष जांच और न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगा।
गौरतलब है कि केतन हत्याकांड को लेकर पहले भी विभिन्न सामाजिक संगठनों द्वारा विरोध-प्रदर्शन, कैंडल मार्च और निष्पक्ष जांच की मांग की जाती रही है। प्रत्यक्षदर्शी होने का दावा करने वाले दिवाकर डिमरी के विस्तृत बयान के सामने आने के बाद इस बहुचर्चित मामले में एक बार फिर नई बहस और जांच को लेकर सवाल तेज हो गए हैं।

