घनसाली (टिहरी गढ़वाल) बालगंगा नदी के लगातार कटाव से सीमांत गांव तोली एक बार फिर भूस्खलन की चपेट में है। गांव के नीचे हो रहे तेज भू-कटाव से कृषि भूमि और आवासीय क्षेत्र खतरे में हैं। इस बीच क्षेत्रीय विधायक शांतिलाल शाह प्रभावित क्षेत्र के दौरे पर निकले, लेकिन ग्रामीणों के अनुसार वे तिनगढ़ तक ही पहुंचे और तोली गांव नहीं पहुंच सके, जिससे ग्रामीणों में नाराज़गी है।
विधायक ने तिनगढ़ में आपदा प्रभावितों से बातचीत के दौरान कहा कि प्रभावित क्षेत्र की भू-गर्भीय वैज्ञानिक जांच कराई जाएगी। जांच पूरी होने तक प्रभावित परिवारों को किराया उपलब्ध कराया जाएगा तथा विस्थापितों के लिए आवास और गौशाला की व्यवस्था की जाएगी।
बैठक में ग्राम प्रधान ने मांग उठाई कि बालगंगा नदी में हो रहे कटाव और भूस्खलन को रोकने के लिए सुरक्षात्मक कार्य संबंधित कंपनी के ठेकेदारों से तत्काल शुरू कराया जाए। ग्रामीणों का कहना है कि यदि जल्द सुरक्षा कार्य शुरू नहीं हुआ तो वे व्यापक जन आंदोलन शुरू करने को मजबूर होंगे।
दौरे के दौरान तिनगढ़ नवीन मोटरमार्ग निर्माण से प्रभावित किसानों ने खेतों का मुआवजा नहीं मिलने का मुद्दा भी उठाया। विधायक ने प्रशासन से तत्काल वार्ता कर उचित मुआवजा दिलाने का आश्वासन दिया।
वहीं, ग्रामीणों का कहना है कि जब गांव लगातार भूस्खलन की चपेट में है, तब जनप्रतिनिधियों का मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लेना जरूरी था। गांव तक न पहुंच पाने से लोगों में निराशा और नाराज़गी देखी गई। ग्रामीणों ने स्पष्ट कहा कि अब उन्हें केवल आश्वासन नहीं, बल्कि जमीन पर सुरक्षा कार्य और पुनर्वास की कार्रवाई चाहिए।
संवाददाता
गंगा शाह

