रिंगणाबोड़ी (नागपुर) राष्ट्रपिता ज्योतिबा फुले सामाजिक क्रांति संस्थान (RJPJSR), DKKMT, रिंगणाबोड़ी, नागपुर द्वारा BAMCEF के द्वारा 27 से 29 मई 2026 तक तीन दिवसीय राष्ट्रीय महिला कैडर कैंप का आयोजन किया गया। इस राष्ट्रीय स्तर के प्रशिक्षण शिविर में देश के विभिन्न राज्यों से आई महिलाओं ने भाग लेकर सामाजिक, वैचारिक एवं संगठनात्मक प्रशिक्षण प्राप्त किया।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को बहुजन आंदोलन की विचारधारा, इतिहास, सामाजिक संरचना, संगठन निर्माण एवं नेतृत्व क्षमता से जोड़ना रहा। शिविर में महिलाओं को आंदोलन की दिशा, जिम्मेदारियों एवं वर्तमान सामाजिक चुनौतियों के प्रति जागरूक किया गया।
पहले दिन कार्यक्रम की शुरुआत पंजीकरण प्रक्रिया कार्यक्रम राष्ट्रीय गीत और और शपथ ग्रहण के साथ कार्यक्रम की शुरुआत । जिसके बाद उद्घाटन सत्र आयोजित किया गया। उद्घाटन सत्र में BAMCEF की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सुनीता कापरवाल एवं डायरेक्टर ऑफ ट्रेनिंग एम. डी. चंदनशिवे ने उपस्थित महिलाओं को संबोधित करते हुए कहा कि समाज परिवर्तन के आंदोलन में महिलाओं की भागीदारी अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि जब तक महिलाएं वैचारिक रूप से मजबूत नहीं होंगी, तब तक सामाजिक परिवर्तन की प्रक्रिया अधूरी रहेगी।
पहले दिन – राष्ट्रीय गीत और और शपथ ग्रहण के साथ कार्यक्रम की शुरुआत हुई। आयोजित विभिन्न सत्रों में “इतिहास, मूलनिवासी महामानव एवं मूलनिवासी पहचान”, “ब्राह्मणवादी व्यवस्था और मूलनिवासी महिलाओं की वर्तमान स्थिति”, “लोकतांत्रिक कार्य प्रणाली, निर्णय प्रक्रिया एवं संगठन व्यवहार” जैसे गंभीर विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। वक्ताओं ने महिलाओं को संविधान, सामाजिक न्याय एवं बहुजन आंदोलन के इतिहास से जोड़ने का प्रयास किया।
दूसरे दिन सुबह व्यायाम, इसके बाद “मूलनिवासी पुरुष आंदोलन में महिलाओं की भूमिका, जिम्मेदारियां एवं हस्तक्षेप”, “स्वास्थ्य एवं स्त्री स्वास्थ्य”, “संगठन के प्रश्न”, “महिला उत्पीड़न और कानूनी सहायता” जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर सत्र आयोजित किए गए। वक्ताओं ने महिलाओं को समाज में व्याप्त भेदभाव, शोषण एवं असमानता के खिलाफ संगठित होकर संघर्ष करने का संदेश दिया।
कैडर कैंप के दौरान महिलाओं को संगठन निर्माण, अनुशासन, नेतृत्व विकास, सामाजिक व्यवहार एवं आंदोलन को जन-जन तक पहुंचाने के तरीकों पर भी प्रशिक्षण दिया गया। विभिन्न सत्रों में मौजूद प्रशिक्षकों ने महिलाओं से संवाद करते हुए उनके प्रश्नों के उत्तर दिए और उन्हें सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति प्रेरित किया।
कार्यक्रम में सुनीता कापरवाल, एम. डी. चंदनशिवे, बी. डी. बोरकर, संजय मोहते, मनोज कुमार, शर्मिष्ठा गौतम, डॉ. दीपशा शिवास्ती, कविता मडावी, आदेश बैरवा सहित कई वरिष्ठ प्रशिक्षकों एवं पदाधिकारियों ने मार्गदर्शन दिया।
आयोजकों ने बताया कि इस प्रकार के राष्ट्रीय महिला कैडर कैंप का उद्देश्य महिलाओं में आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता एवं वैचारिक स्पष्टता विकसित करना है, ताकि वे सामाजिक परिवर्तन के आंदोलन को और अधिक मजबूती प्रदान कर सकें। कार्यक्रम के सफल आयोजन पर प्रतिभागियों ने खुशी व्यक्त करते हुए भविष्य में भी ऐसे प्रशिक्षण शिविर आयोजित करने की मांग की।

